आगरा. बुधवार पूरे दिन प्राशासन ऑक्सीजन किल्लत (Oxygen Crisis) से परेशान मरीजों के लिए जिस गाड़ी की राह निहार रहा था वह रात 1 बजे आगरा (Agra) पहुंची. डीएम आगरा प्रभु एन सिंह (DM Prabhu N Singh) ने आक्सीजन रिसीव किया. इसके साथ ही सरकार के सही वक्त पर किए गए आक्सीजन के इंतजाम से कोविड हॉस्पिटल में भर्ती मरीजों की सांसों का इंतजाम हो गया. झारखंड के जमशेदपुर प्लांट से 10 मीट्रिक टन लिक्विड ऑक्सीजन से भरा टैंकर आधी रात के बाद आगरा पहुंचा. अब  इस ऑक्सीजन से कोविड अस्पतालों के लिए तीन दिन का बैकअप तैयार हो गया है. शहर में सात ऑक्सीजन प्लांट पर पुलिस और प्रशासन का पहरा है. इन प्लांटों से सिर्फ कोविड अस्पतालों में भर्ती मरीजों के लिए ही ऑक्सीजन दी जा रही है. आगरा डीएम प्रभु एन सिंह ने बताया कि हर दिन 800 से 1000 सिलिंडर की आपूर्ति कराई जा रही है. कोविड-नॉन कोविड व होम आइसोलेशन में हर दिन 1500 से अधिक सिलिंडर की मांग है. उन्होंने कहा कि एक दिन का बैकअप हमारे पास मौजूद है. तीन दिन की वैकल्पिक व्यवस्था के लिए झारखंड राज्य के जमशेदपुर से ऑक्सीजन का कैप्सूल मंगाया है. इस तरह चार दिन का बैकअप तैयार हो जाएगा। ऑक्सीजन का टैंकर बुधवार देर रात तक आगरा पहुंचने की उम्मीद है. आगरा पहुंचे आक्सीजन टैंकर से 2500 से 3000 जंबो ऑक्सीजन सिलिंडर भरे जा सकेंगे।

हर दिन मिल रहे 500 से ज्यादा मरीज
ताज के शहर आगरा में लगातार कोरोना केस बढ़ने की वजह से ही आक्सीजन  का संकट पैदा हो रहा था. यहां हर दिन 500 से ज्यादा कोरोना के नए केस सामने आ रहे हैं. जिसकी वजह से हो होम आइसोलेशन से लेकर के हॉस्पिटलों में भर्ती कोविड के मरीजों को ऑक्सीजन की जरूरत होती है. जबरदस्त खपत के बीच आक्सीजन के बैकअप में जब कमी महसूस होने लगी तो आपात मीटिंग के बाद आनन-फानन में जमशेदपुर से ऑक्सीजन मंगाई गई. आधी रात आगरा में ऑक्सीजन पहुंचने के बाद सांसों पर छाया गंभीर संकट फिलहाल टल गया है.